Last updated on April 1st, 2026 at 06:14 pm
खुली हवाओं में सांस लेती बेटियां,
वो भी चाहती है छूना आसमान,
ऊँचे आसमान में हर दिन,
उड़ान भरती बेटियां (udan bhrti betiyan )
उनको भी प्यार भरी नजरों से देखे,
हर पल रंग बदलता ये जहान,
उनको भी मिले समान अधिकार,
जिसकी हैं वो सदियों से हकदार,
सपनों को छूती बेटियां,
कंधे से कंधा मिलाकर चलती बेटियां,
ऊँचे आसमान में हर दिन,
उड़ान भरती बेटियां (udan bhrti betiyan )
* * * * * *
कौन कहता है कि पराई है बेटीयां,
आज के दौर में हर ओर छाई हैं बेटियां,
जब भी उसको मिलता है मौका,
सबसे पहले स्थान पर आई है बेटियां,
बेटी भी चाहती है बेटे के समान मिले,
उसको भी मात-पिता का एक जैसा प्यार ,
दोनों में हैं मात-पिता के एक जैसे संस्कार,
बेटी भी है इसकी बराबर की हकदार,
मात-पिता का संग,बेटी में भर दे खुशियों के रंग,
वो भी चाहे हर दिल में हो उसके लिए सम्मान,
बेटी नहीं है बोझ किसी पर,
बेटी को मानों ईश्वर का वरदान,
खुली हवाओं में सांस लेती बेटियां,
वो भी चाहती है छूना आसमान,
ऊँचे आसमान में हर दिन,
उड़ान भरती बेटियां (udan bhrti betiyan )
उनको भी प्यार भरी नजरों से देखे,
हर पल रंग बदलता ये जहान,
* * * * * *
बेटी से घर की रौनक है,
वो माँ की सहेली भी है,
बेटी भी किस्मत से मिलती हैं,
दौलत-शौहरत के द्वार खुल जाते हैं,
जिस घर में बेटी हंसकर खेली है,
बेटी के बिन हर घर है अधूरा,
फीका है उसके बिन हर त्योहार,
बेटी को नहीं चाहिए ज्यादा कुछ,
वो खुश हो जाती है लेकर एक छोटा सा उपहार,
हमेशा बढ़ाएं बेटियों का आत्मसम्मान,
माता-पिता की बदलती सोच से ही हो सकता है,
समाज में बेटियों का सम्मान,
खुली हवाओं में सांस लेती बेटियां,
वो भी चाहती है छूना आसमान,
ऊँचे आसमान में हर दिन,
उड़ान भरती बेटियां (udan bhrti betiyan )
उनको भी प्यार भरी नजरों से देखे,
हर पल रंग बदलता ये जहान,
* * * * *
भाई-बहन की प्यार की लड़ाई से,
घर में एक रौनक छाई रहती है,
बेटी ना हो घर में तो,
सूनी भाई की सदा कलाई रहती है,
बेटियां रहें हर घर में खास बनकर,
हर घर में बिखेरें अपनी मुस्कान के रंग,
पिता के दिल में रहती हैं राजकुमारी बनकर,
कदम से कदम मिलाकर चलती है,
सदा मात-पिता के संग,
बेटी संग बरकत मिले, बेटी खुश तो,
ईश्वर भी रहे उस घर पर मेहरबान,
खुली हवाओं में सांस लेती बेटियां,
वो भी चाहती है छूना आसमान,
ऊँचे आसमान में हर दिन,
उड़ान भरती बेटियां (udan bhrti betiyan )
उनको भी प्यार भरी नजरों से देखे,
हर पल रंग बदलता ये जहान,
* * * * *
उड़ान भरती बेटियां (udan Bhrti Betiyan ) : बदलता दौर,बढ़ती बेटियां

हरदम याद रहें मात-पिता के संस्कार,
हर नज़र बैठी है तैयार,
जिन लोगों का है एक ही काम,
कैसे करें बेगानी बेटियों का तिरस्कार,
अपने परिवार की मान-मर्यादा,
ये हर बेटी का सबसे पहला धर्म है,
इसको सदा बचाए रखना,
ये हर बेटी का पहला कर्म है,
माता-पिता का चेहरा चमक उठता है,
जब मुस्कराती हैं बेटियां,
खुली हवाओं में सांस लेती बेटियां,
वो भी चाहती है छूना आसमान,
ऊँचे आसमान में हर दिन,
उड़ान भरती बेटियां (udan bhrti betiyan )
* * * * * *
बेटियों के लिए भी है एक पैगाम,
सदा ऊँचा रखें अपने मात-पिता का नाम,
कभी सर ना झुकने पाए माता-पिता का,
जिनके तुम सर का गरूर हो,
सर उठाकर चले सदा मात-पिता,
हर बेटी के लिए बस इतना जरूर हो,
हर पिता के दिल में बसती हैं बेटियां,
खुली हवाओं में सांस लेती बेटियां,
वो भी चाहती है छूना आसमान,
ऊँचे आसमान में हर दिन,
उड़ान भरती बेटियां (udan bhrti betiyan )
उनको भी प्यार भरी नजरों से देखे,
हर पल रंग बदलता ये जहान,
* * * * * *
creater-राम सैणी
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