माँ के कदमों में ( maa ke kadmon me) रखता हूँ,
मैं आज भी अपनी नेक कमाई को,
मैं आज भी सबसे ऊपर रखता हूँ,
उसके चेहरे की खुशी को,
मेरे लिए खुशी के मायने हैं ,
उसके चेहरे पर अनमोल खुशी,
मेरे दिल से हर पल ये ही निकलता है,
उसके दिल की हर मुराद हो पूरी,
हर घड़ी चाँद की शीतल चाँदनी बनकर,
उसके चेहरे पर खुशियों की बहार छाई हो,
माँ के कदमों में ( maa ke kadmon me) रखता हूँ,
मैं आज भी अपनी नेक कमाई को,
मैं आज भी सबसे ऊपर रखता हूँ,
उसके चेहरे की खुशी को,
* * * * *
माँ के पहरे में हम खुश थे,
हमारे पहरे में माँ खुश रहे,
मेरी बस इतनी सी तमन्ना है,
मेरी माँ खुश रहती है,
ये चर्चा हो गली-मोहल्ले में,
बस फिर ही जीने में मजा है,
मुझे माँ के जैसा ही प्यार मिलता है,
जब भी मेरी परछाई छूती है उसकी परछाई को,
माँ के कदमों में ( maa ke kadmon me) रखता हूँ,
मैं आज भी अपनी नेक कमाई को,
मैं आज भी सबसे ऊपर रखता हूँ,
उसके चेहरे की खुशी को,
* * * * *
खाने के लिए दाने हों,
घर में बुजुर्ग शयाने हों,
वो अपनी डांट मे भी प्यार छुपाए रखतें हैं,
खुद को कैसे तैयार रखना है,
आने वाली समस्या के लिए
हर बिगड़ी हुई समस्या के लिए,
पहले से ही अनेकों उपाए रखतें हैं,
इस पेड़ की छाँव तले,
दिल को अनोखा सुकून मिले,
माँ ने सिखाया है हमेशा,
जब भी मौका मिले अपने हाथों से भलाई हो,
माँ के कदमों में ( maa ke kadmon me) रखता हूँ,
मैं आज भी अपनी नेक कमाई को,
मैं आज भी सबसे ऊपर रखता हूँ,
उसके चेहरे की खुशी को,
* * * * *
माँ के आंचल में हैं सुकून के खजाने,
ईश्वर की आराधना हो जाती है,
माँ की सेवा के बहाने,
बरकत रहती है पूरे महीने,
माँ छू लेती है जब मेरी पहली कमाई को,
संस्कारों को घोल कर पिलाया है,
हर रोज ये ही सिखाया है,
बेगानी इज्जत भी अपनी इज़्ज़त होती है
बहन-बेटी अपनी हो या पराई हो,
माँ के कदमों में ( maa ke kadmon me) रखता हूँ,
मैं आज भी अपनी नेक कमाई को,
मैं आज भी सबसे ऊपर रखता हूँ,
उसके चेहरे की खुशी को,
* * * * *
माँ के कदमों में ( maa ke kadmon me) मेरी कमाई : माँ की हंसी में मेरा सुख

जहाँ माँ है वहाँ खुशियां हैं,
माँ ही खुशियों की वजह है,
वफ़ा की निशानी है माँ,
मेरी ज़िन्दगानी है माँ,
माँ बिन सूना है जग सारा,
वो है खुशियों का पिटारा,
उसका प्यारा मुख देखकर यूं लगता है,
जैसे ईश्वर ने सारी खुशियां मेरी झोली में पाई हों,
माँ के कदमों में ( maa ke kadmon me) रखता हूँ,
मैं आज भी अपनी नेक कमाई को,
मैं आज भी सबसे ऊपर रखता हूँ,
उसके चेहरे की खुशी को,
* * * * *
ये माँ की मीठी लोरियों का असर है,
चेहरे पर चाँदनी छाई रहती हर वक्त है,
ये लोरियां मुझ में जोश भरने के लिए काफी हैं,
आपने जान फूंक दी है रिश्तों में,
अब तक सोई हो किस्तों में,
अभी आपका सोना और बाक़ी है,
प्यार तुम्हारा नदियां का पानी,
कद तुम्हारा है आसमानी,
मुझे ईश्वर के जैसा आभास होता है,
में जब भी छूता हूँ तुम्हारी कलाई को,
माँ के कदमों में ( maa ke kadmon me) रखता हूँ,
मैं आज भी अपनी नेक कमाई को,
मैं आज भी सबसे ऊपर रखता हूँ,
उसके चेहरे की खुशी को,
* * * * *
आसमान भी छोटा लगता है आपके आगे,
जुबां में मिसरी-सी मिठास है,
रिश्तों में ना आने पाए खटास है,
बड़े पक्के हैं माँ तुम्हारे प्यार के धागे,
चमकता सितारा है माँ,खुशियों का पिटारा है माँ,
जहाँ पड़े माँ के कदम,
खुशियां ही खुशियां छाई रहती है,
उस प्यारे घर में हरदम,
वो हमेशा हंसती रहे अपनी ही मस्ती में रहे,
अगर ये सौगंध हम सब ने उठाई हो,
माँ के कदमों में ( maa ke kadmon me) रखता हूँ,
मैं आज भी अपनी नेक कमाई को,
मैं आज भी सबसे ऊपर रखता हूँ,
उसके चेहरे की खुशी को,
* * * * *
creation -राम सैणी
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माँ



