chandani sa maa ka pyar

चाँदनी-सा माँ का प्यार(chandani sa maa ka pyar):अमिट और अनंत

 

चाँदनी-सा माँ का प्यार (chandani sa maa ka pyar) लगता है,
माँ ही सारा संसार लगता है,
सच में,ये आंचल माँ कितना प्यारा है,
एक तरफ है माँ का पावन प्यार,
एक तरफ जग सारा है,
*     *       *       *
चाँद अपनी शीतल चाँदनी,
सब पर बरसाए बिन भेदभाव,
कौन छोटा है कौन बडा है,
ये देखकर नहीं करता है वो कोई मोलभाव,
माँ है एक निष्पक्ष तराजू,
जो सबको तोलती है एक समान,
छोटी-मोटी गलती पर,
माँ सबको बोलती एक समान,
हमारी एक प्यारी सी मुस्कान पर,
माँ हो जाए दिल से फिदा,
हम पर अपना प्यार लूटाने को,
माँ रहती है तैयार सदा,
एक रोटी को बराबर हिस्सों में,
जो कर देती बंटवारा है,
चाँदनी-सा माँ का प्यार (chandani sa maa ka pyar) लगता है,
माँ ही सारा संसार लगता है,
सच में,ये आंचल माँ कितना प्यारा है,
एक तरफ है माँ का पावन प्यार,
एक तरफ जग सारा है,

*     *       *       *
चाँद की चाँदनी के जैसा है माँ का प्यार,
अपना प्यार लुटाए माँ दिल खोलकर,
हम सब पर सौ-सौ बार,
चाँद के जैसे है दानवीर माँ,
हर पल जीते जंग जिन्दगी की,
तेरे जैसा इस जग में ना कोई शूरवीर माँ,
मेहनत है कठपुतली माँ तेरे प्यारे हाथों की,
हर कोई कायल हो जाता है,
माँ तेरी प्यारी बातों का,
मुख है तुम्हारा एक उजला दर्पण,
तूं मेरी खुशियों का सवेरा है,
चाँदनी-सा माँ का प्यार (chandani sa maa ka pyar) लगता है,
माँ ही सारा संसार लगता है,
सच में,ये आंचल माँ कितना प्यारा है,
एक तरफ है माँ का पावन प्यार,
एक तरफ जग सारा है,
*      *       *       *
माँ चाँद की खूबसूरती,
इस जग में बहुत मशहूर है,
उससे भी खुबसूरत मेरी माँ की तस्वीर है,
चाँद को होगा अपनी चाँदनी पर,
अंहकार थोड़ा-थोड़ा ,
माँ का हौंसला भी देखो,
अकेली जान होते हुए भी,
जिसने हर ग़म का मुंह मोड़ा ,
नेक इरादा निर्मल मुस्कान,
माँ के आगे झुकता है ये नीला आसमान,
धूप आए या रिमझिम बारिश,
माँ अपने पंख फैला लेती है,
जब छूने लगे हमें गर्दिश,
वो अपने आंचल में छुपा लेती है,
हमें बनाकर रखती है माँ,
अपने माथे का सितारा है,
चाँदनी-सा माँ का प्यार (chandani sa maa ka pyar) लगता है,
माँ ही सारा संसार लगता है,
सच में,ये आंचल माँ कितना प्यारा है,
एक तरफ है माँ का पावन प्यार,
एक तरफ जग सारा है,
*     *       *       *

चाँदनी-सा माँ का प्यार(chandani sa maa ka pyar): हर दर्द की दवा

 

chandani sa maa ka pyar
chandani sa maa ka pyar

चंदा मामा और माँ का रिश्ता बहुत पुराना है,
हर किस्से और कहानियां में ,
इनका जिक्र लाजमी आना है,
माँ के आगे छोटा है हर ग़म,
वो जीतकर रहती है हरदम,
हर घड़ी हर लम्हा मेरी जुबान पर,
माँ रहता नाम तुम्हारा है,
चाँदनी-सा माँ का प्यार (chandani sa maa ka pyar) लगता है,
माँ ही सारा संसार लगता है,
सच में,ये आंचल माँ कितना प्यारा है,
एक तरफ है माँ का पावन प्यार,
एक तरफ जग सारा है,
*      *       *        *
चाँद भी माँ के त्याग को,
झुककर नमन करें सौ बार,
वो भी माँ की कोख से,
जन्म लेना चाहे एक बार,
इस जग के कण-कण में,
माँ का प्यार समाया है,
माँ है ईश्वर की महान रचना,
ईश्वर ने भी‌ माँ को महान बताया है,
माँ है मीठे जल का एक लौटा,
फूलों के जैसे खिलता हुआ एक पौधा,
उसकी छूहन है जादूभरी,
वो जीतकर जब भी चली,
चमक उठी जैसे आसमान का कोई सितारा है,
चाँदनी-सा माँ का प्यार (chandani sa maa ka pyar) लगता है,
माँ ही सारा संसार लगता है,
सच में,ये आंचल माँ कितना प्यारा है,
एक तरफ है माँ का पावन प्यार,
एक तरफ जग सारा है,
*     *       *
माँ तुम्हारे प्यार की लौ,
मैंने अपने दिल में जगाईं है,
माँ का निश्छल,पावन प्यार,
मेरे कंई जन्मों की कमाई है,
लगता है कंई जन्मों की खुशियां,
माँ के रूप में मेरे हिस्से आईं हैं,
माँ का प्यार हम सब पर उधार,
माँ पर एतबार ईश्वर पर एतबार,
जो दिल में रखता है माँ को बैठाकर,
खुशियां से भरा रहेगा उसका घर सारा है,
चाँदनी-सा माँ का प्यार (chandani sa maa ka pyar) लगता है,
माँ ही सारा संसार लगता है,
सच में,ये आंचल माँ कितना प्यारा है,
एक तरफ है माँ का पावन प्यार,
एक तरफ जग सारा है,
*      *      *      *
creater-राम सैणी
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